
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में राज्य कर्मचारियों के तबादलों की अवधि को 24 घंटे की बढ़ोतरी की गई है। अब प्रदेश में आज रात 12 बजे तक विभागों द्वारा तबादले किए जा सकेंगे।
ध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में मंगलवार (16 जून 2026) को मंत्रालय में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में अहम कैबिनेट बैठक सम्पन्न हुई है। इस बैठक में प्रदेश के विकास और जनहित से जुड़े फैसले लिए गए। साथ ही अन्य विभागों से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। इसके अलावा तबादलों की अवधि को भी 24 घंटे के लिए बढ़ा दिया गया है।
बैठक के बाद लिए गए निर्णयों की जानकारी देते हुए एमएसएमई मंत्री चेतन्य कश्यप ने बताया कि प्रदेश में अब सामान्य तबादले 16 जून की रात 12 बजे तक हो सकेंगे। जो ट्रांसफर लिस्ट अनुमोदित हो चुकr हैं, उन्हें आज रात 12 बजे तक जारी करा सकेंगे। बता दें कि राज्य सरकार ने 1 से 15 जून तक तबादले की अनुमति दी थी लेकिन इस अवधि में केवल कुछ विभागों की प्रक्रिया पूरी हो सकी है, कई विभाग की लिस्ट अटक गई है, जिन्हें जारी किया जाना है, इसलिए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने प्रदेश में तबादलों की अवधि में 24 घंटे की छूट दी है।
मोहन कैबिनेट बैठक में इन प्रस्तावों को भी मिली मंजूरी
- इंदौर मेट्रो रेल परियोजना की मूल लागत 7 हजार 500.80करोड़ रुपये में 5 हजार 388.58 करोड़ की अतिरिक्त लागत जोड़कर पुनरीक्षित लागत 12 हजार 889.38 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की है। इसके अतिरिक्त उद्योग के स्वीकृत मानदंडों के अनुसार परियोजना के लिए अतिरिक्त वित्त पोषण पीपीपी घटक एवं आंतरिक ऋण के प्रभाव को सम्मिलित करते हुए 6 हजार 582.91 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई है। इस तरह कुल 19 हजार 472 करोड़ 29 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है।
- रेशम संचालनालय में संचालित 8 कार्यक्रमों योजनाओं की निरंतरता के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 से वित्तीय वर्ष 2030-31 तक की अनुमानित वित्तीय लागत 639 करोड़ 25 लाख रुपये की स्वीकृति दी है।
- वन विभाग के अंतर्गत प्रोजेक्ट टाइगर एण्ड एलिफेंट और ग्रामों के पुनर्वास के लिए मुआवजा सम्बंधी योजना के सोलहवें केन्द्रीय वित आयोग की अवधि 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक कुल 5 वर्षों तक संचालन के लिए कुल 2 हजार 381 करोड़ 15 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है।21 जून को जबलपुर में योग दिवस का मुख्य कार्यक्रम होगा, जिसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु उपस्थित रहेंगी।
- श्रमिक कल्याण से संबंधित श्रम विभाग अंतर्गत विभिन्न योजनाओं के एक अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक कुल 5 वर्षों तक संचालन के लिए 531 करोड़ 78 लाख रुपये की स्वीकृति दी है।
- वित्त विभाग के अंतर्गत संचालनालय, स्थानीय निधि संपरीक्षा के संचालन और विभागीय परिसंपत्तियों के संधारण सम्बन्धी योजना के 16वें वित्त आयोग की अवधि एक अप्रैल 2026 से 31 मार्च, 2031 तक निरंतर संचालन के लिए 492 करोड़ 45 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान की है।
- रीवा, देवास और गुना में 18 सामुदायिक केंद्रों के निजी तौर पर संचालन के लिए दिए जाएगा। रीवा, देवास तथा गुना में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का संचालन आउटसोर्स प्रणाली से किए जाने संबंधी पायलट परियोजना संचालित किए जाने की स्वीकृति प्रदान की है। संस्थाओं के संचालन के लिए निविदा के निर्माण एवं समापक रूप प्रदायगी का कार्य दायित्व लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग को प्रदत्त किए जाने एवं निविदा प्रक्रिया एमपीपी एचएससीएल के माध्यम से किए जाने के लिए स्वीकृति प्रदान की गई है।
- परोपकारी निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए मध्यप्रदेश (परोपकारी संस्थाओं के लिए) मेगा स्वास्थ्य सेवा अधोसंरचना प्रोत्साहन नीति-2026 को लागू किए जाने के प्रस्ताव पर 5 सदस्यीय मंत्रि-मण्डल उप समिति का गठन किया है। उप समिति प्रदेश मेंविश्वस्तरीय तृतीयक एवं सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल स्थापित करना, चिकित्सा शिक्षा का विस्तार विशेषज्ञ व MBBS डॉक्टर तैयार करना, अन्य राज्यों में मरीजों के पलायन को कम करना, स्वास्थ्य संकेत कों MMR और IMR में सुधार करने एवं रोगियों को उन्नत सुपर स्पेशियलिटी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने आदि का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट देगी।
- जनजातीय कार्य विभाग की एच्छिक संस्थाओं को शैक्षणिक और अन्य कल्याणकारी प्रवृत्तियों के लिए अनुदान संबंधी योजना को 16वें वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल, 2026 से 31 मार्च 2031 में निरंतर संचालन के लिए 687 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की है।

