कार्यकर्ता ही भाजपा की ताकत: नितिन नबीन ने साझा की प्रधानमंत्री मोदी से मिली सीख

नितिन नबीन ने आज मंगलवार को नई दिल्ली में पार्टी मुख्यालय में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पद संभाला। वह इस पद को संभालने वाले सबसे कम उम्र के नेता बन गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस अवसर पर उन्हें बधाई दी। इस अवसर पर पार्टी के निवर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और भाजपा के ‘संगठन पर्व’ के राष्ट्रीय रिटर्निंग ऑफिसर के लक्ष्मण मंच पर मौजूद थे।
भाजपा ने सोमवार को नामांकन और जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद नितिन नबीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए एकमात्र उम्मीदवार घोषित किया, जिससे उनके निर्विरोध चुनाव का रास्ता साफ हो गया और वह पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष बन गए।
पिछले साल 14 दिसंबर को नियुक्त 45 वर्षीय राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नबीन को प्रधानमंत्री मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और निवर्तमान पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा सहित भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से जबरदस्त समर्थन मिला।
वरिष्ठ भाजपा नेताओं, मुख्यमंत्रियों और कई राज्यों के प्रतिनिधियों ने सोमवार को नबीन के पक्ष में समर्थन पत्र जमा किए, जो मजबूत संगठनात्मक सहमति का संकेत है। एकमात्र उम्मीदवार होने के नाते, नबीन को भाजपा की राष्ट्रीय परिषद और राज्य परिषदों के सदस्यों वाले इलेक्टोरल कॉलेज द्वारा औपचारिक रूप से चुना गया।
यह प्रक्रिया नियमों के अनुरूप है, जिसके अनुसार एक उम्मीदवार को एक राज्य के कम से कम 20 इलेक्टोरल कॉलेज सदस्यों द्वारा प्रस्तावित किया जाना चाहिए और उसके पास कम से कम 15 साल की पार्टी सदस्यता होनी चाहिए। नबीन का उदय पार्टी संगठन में निरंतरता बनाए रखते हुए युवा नेतृत्व को शामिल करने के लिए एक रणनीतिक कदम के रूप में देखा जा रहा है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को नितिन नबीन के रूप में अब तक का सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष मिला है। मंगलवार को नितिन नबीन औपचारिक रूप से भाजपा के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए। इस मौके पर ‘मोदी स्टोरी’ के तहत उनसे जुड़ा एक अनुभव साझा किया गया, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले संगठनात्मक संस्कारों को याद किया।
‘मोदी स्टोरी’ में साझा हुआ अनुभव
‘मोदी स्टोरी’ के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा पोस्ट में लिखा गया कि भाजपा एक ऐसा संगठन है, जहां कार्यकर्ता को सबसे आगे रखा जाता है। सामान्य कार्यकर्ताओं को भी देश के नेतृत्व के लिए तैयार करना पार्टी की संगठनात्मक परंपरा रही है और नितिन नबीन का राष्ट्रीय दायित्व संभालना इसी संस्कार का सशक्त प्रमाण है।
कार्यकर्ताओं के प्रति सम्मान की सीख
एक्स पर साझा किए गए वीडियो में नितिन नबीन ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उन्होंने कार्यकर्ताओं से जुड़ाव बनाए रखने, संवाद कायम रखने और संगठन की जड़ों को मजबूत करने का महत्व सीखा। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता भाजपा की मूल पहचान है।
पटना की रैली का स्मरणीय किस्सा
नितिन नबीन ने अपने अनुभव को साझा करते हुए बताया कि बिहार में राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक के दौरान पटना में एक बड़ी रैली का आयोजन हुआ था। उस समय भाजपा के कई वरिष्ठ नेता पटना पहुंचे थे और प्रोटोकॉल के तहत उनका स्वागत एयरपोर्ट पर किया जा रहा था।
पीएम मोदी का कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद
उन्होंने बताया कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एयरपोर्ट पहुंचे, तो स्वागत के दौरान उन्होंने पूछा कि बाहर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद हैं या नहीं। हां में जवाब मिलने पर पीएम मोदी ने कहा कि वह कार्यकर्ताओं से मिलते हुए आगे बढ़ेंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री पैदल चलकर बाहर आए, कार्यकर्ताओं का अभिनंदन स्वीकार किया और सभी का अभिवादन किया।
नेतृत्व की संवेदनशीलता का उदाहरण
नितिन नबीन ने कहा कि यह एक छोटा सा प्रसंग था, लेकिन इससे प्रधानमंत्री मोदी के भीतर कार्यकर्ताओं के प्रति सम्मान का भाव साफ दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री चाहें तो गाड़ी में बैठकर हाथ हिलाते हुए भी निकल सकते थे, लेकिन उन्होंने खुद पैदल चलकर कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और उनका अभिवादन स्वीकार किया।
संगठनात्मक संस्कारों की झलक
नितिन नबीन के अनुसार, यही अनुभव उनके लिए प्रेरणा बना और उन्होंने संगठन में कार्यकर्ता केंद्रित सोच और मजबूत जमीनी जुड़ाव के महत्व को गहराई से समझा।
