
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने पर केंद्रीय मंत्रियों ने सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए कल्याणकारी योजनाओं, बुनियादी ढांचे के विकास, वित्तीय समावेशन और आर्थिक सशक्तिकरण के क्षेत्र में हुए बदलावों की सराहना की। मंत्रियों ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश ने विकास, जनकल्याण और नागरिक-केंद्रित शासन के नए दौर में प्रवेश किया है।
केंद्रीय मंत्रियों ने पीएम मोदी के नेतृत्व की सराहना की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 मई 2014 को पहली बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी। वहीं, 9 जून 2024 को उन्होंने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) सरकार के तीसरे कार्यकाल के लिए प्रधानमंत्री पद की शपथ ग्रहण की थी। मंगलवार को उनके नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर कई केंद्रीय मंत्रियों ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर अपनी प्रतिक्रियाएं साझा कीं।
पीयूष गोयल ने गिनाईं विकास और जनकल्याण की उपलब्धियां
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि बीते 12 वर्षों में भारत ने सेवा, सुशासन और जनकल्याण के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं। उन्होंने कहा कि गरीब कल्याण, महिला सशक्तिकरण, किसान हित, युवाओं के लिए अवसरों का सृजन, आधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय परिवर्तन देखने को मिले हैं।
गोयल ने साझा किए गए एक इन्फोग्राफिक का हवाला देते हुए बताया कि हर महीने 81 करोड़ से अधिक लोगों को मुफ्त खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 4 करोड़ से अधिक घरों को मंजूरी दी जा चुकी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के लिए 32 करोड़ से अधिक जन धन खाते खोले गए हैं और 91 लाख से अधिक स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को सशक्त बनाया गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि देश के 26 शहरों में मेट्रो नेटवर्क का विस्तार 1,100 किलोमीटर से अधिक हो चुका है। वर्तमान में 164 वंदे भारत ट्रेनें संचालित हो रही हैं, जबकि देश में हवाई अड्डों की संख्या 74 से बढ़कर 164 हो गई है। इसके साथ ही 2.2 लाख से अधिक स्टार्टअप स्थापित किए जा चुके हैं।
निर्मला सीतारमण ने वित्तीय समावेशन पर दिया जोर
केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि मोदी सरकार के 12 वर्षों का मूल मंत्र “जन सेवा से जन शक्ति” रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्रत्येक पहल का उद्देश्य समावेशन, नवाचार और अवसरों के माध्यम से नागरिकों को सशक्त बनाना रहा है।
निर्मला सीतारमण ने प्रधानमंत्री जन धन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इसके तहत 58 करोड़ से अधिक बैंक खाते खोले जा चुके हैं और इनमें लगभग 3 लाख करोड़ रुपए की जमा राशि है। उन्होंने प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना का जिक्र करते हुए बताया कि शहरी रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं के लिए 1.15 करोड़ से अधिक सूक्ष्म ऋणों के माध्यम से 18,600 करोड़ रुपए से अधिक की राशि वितरित की गई है।
ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बताया जनकल्याण केंद्रित शासन का मॉडल
पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय के केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने जनकल्याण को शासन का केंद्र बनाकर विकास के नए मानक स्थापित किए हैं। उन्होंने कहा कि सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता ने करोड़ों लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है।
सिंधिया ने कहा कि बुनियादी ढांचे, डिजिटल क्रांति, महिला सशक्तिकरण, किसान कल्याण और वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा जैसे क्षेत्रों में देश नए आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि 140 करोड़ भारतीयों का विश्वास ही देश की सबसे बड़ी ताकत है और यही विकसित भारत के लक्ष्य को आगे बढ़ाने की प्रेरणा है।
हरदीप सिंह पुरी ने पीएम मोदी को बताया सेवा भाव वाला नेता
केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने प्रधानमंत्री मोदी को ऐसा नेता बताया जो सत्ता को विशेषाधिकार नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम मानते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का हर प्रयास देश के लिए और हर संकल्प भारत के उज्ज्वल भविष्य के लिए समर्पित है।
पुरी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का अनुशासन, प्रतिबद्धता और बड़े लक्ष्यों को वास्तविकता में बदलने की क्षमता आत्मविश्वासी भारत की मजबूत नींव रखने में महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने कहा कि देश के करोड़ों नागरिक प्रधानमंत्री मोदी को केवल प्रधानमंत्री के रूप में नहीं, बल्कि विकसित भारत के विजन को साकार करने वाली प्रेरक शक्ति के रूप में देखते हैं।

